ब्रूनेई में अब समलैंगिक संबंध बनाने पर पत्थर से मारकर मौत की सजा दी जाएगी. अगले हफ्ते से देश में लागू होने वाले शरिया कानून के तहत ऐसा होगा.ये शरिया कानून भारी विरोध के बाद करीब 4 साल तक रूका रहा है. नए शरिया कानून के तहत देश में चोरी करने पर शरीर से हाथ और पैर को काटकर अलग कर देने की सजा का भी प्रावधान होगा.

ब्रूनेई में समलैंगिकता पहले भी गैरकानूनी थी लेकिन इतनी कड़ी सजा का प्रावधान पहली बार किया गया है. नया शरिया कानून ब्रूनेई में सिर्फ मुस्लिमों पर लागू होगा.वहीं चोरी के लिए भी नई सजा का एलान किया गया है. नए कानून के तहत पहली बार चोरी करने पर दायां हाथ काटने की सजा दी जाएगी वहीं दूसरी बार चोरी करने पर बायां पैर शरीर से अलग कर दिया जाएगा. ब्रूनेई में ये नियम 2013 में ही बन गए थे लेकिन मानवाधिकार समूहों के विरोध के कारण इन्हें लागू करने पर इतना वक्त लग गया. 3 अप्रैल से देश में ये नियम लागू कर दिए जाएंगे.

मानवाधिकार समूह अभी भी कड़ी सजाओं का विरोध कर रहे हैं. एमनेस्टी इंटरनेशनल में ब्रुनेई के रिसर्चर राचेल सी हावर्ड ने कहा,"रजामंदी से बने यौन संबंधों को अपराध न माना जाए."ह्मूमन राइट्स वॉच के फिल रॉबर्टसन ने बयान देते हुए कहा की ऐसे नियमों की वजह से पर्यटक,अंतर्राष्ट्रीय एजेंसिया और विदेशी निवेशक ब्रूनेई से दूर भाग जाएंगे.

ब्रनेई के सुल्तान हसनल ने 1967 में गद्दी संभाली थी. तब वे 21 साल के थे.वे शाही परिवार के 29वें वारिस हैं. 4 लाख की आबादी वाले ब्रुनेई में सुल्तान का परिवार 600 साल से राज कर रहा है. आपको बता दें की ब्रूनेई में 2015 में ईसाई त्योहार मनाने पर प्रतिबंध लगा दिया गया था. मुस्लिमों को भटकाव से बचाना इसका कारण बताया गया था.