कोरोना वायरस का नया सेंटर अब चीन से हटकर इटली और यूरोप में बन गया है। इटली में एक दिन में 250 से ज्यादा लोग मारे गए और सैकड़ो की तादाद में नए मरीज सामने आ रहें है। इटली में स्वास्थ्य संबधी सेवाएं अब चरमराने लगी है। अधिक उम्र वाले लोग जिन्हे नुयोमोनिया हो चुका है उन्हें डॉक्टर घर जाने की सलाह दे रहें है क्यों की उनके बचने की संभावनाएं काफी कम है।

पूरे विश्व में कोरोना वायरस के संक्रमण फैलने के बाद अब अमेरिका और चीन एक दूसरे पर वायरस फैलाने का आरोप लगा रहें है। अमेरिकी मीडिया में अब इस बात की चर्चा जोरों पर है की COVID -19 चीन की सेना के द्वारा बनाया जा रहा जैविक हथियार है जो किसी तरह से लीक हो गया।

बेंगलुरु में इनफ़ोसिस ने अपने ऑफिस की एक बिल्डिंग को एतिहातन खाली करा लिया है। बिल्डिंग में काम करने वाला एक कर्मचारी कोरोना से संक्रमित एक व्यक्ति के संपर्क में आया था।

भारत में अब तक 83 मामले सामने आ चुके है और 2 व्यक्ति की मौत हो चुकी है।

केरल में कोरोना के बीच बर्ड फ्लू के मामलें भी सामने आये है। जिस इलाके में बर्ड फ्लू के केस सामने आये है उसके 1 किलोमीटर की रेडियस में सभी मुर्गियों को मारने के आदेश दिए गए है।

लैटिन अमेरिकी देशों से भी कोरोना के मामले सामने आ रहें है। अर्जेंटीना, इक्वाडोर, सूरीनाम आदि देशों में मामलें दर्ज किये गए है। लैटिन अमेरिका में अब तक कुल 5 लोगों की मौत कोरोना वायरस से हुई है।

उत्तर प्रदेश में लखनऊ में भी कोरोना वायरस का पहला मामला सामने आया है। कनाडा से अपने रिश्तेदारों से मिलने आयी भारतीय मूल की महिला को वायरस से संक्रमित पाया गया है। महिला को किंग जॉर्ज मेडिकल कॉलेज के एकांतवास में रखा गया है। महिला के पति का टेस्ट नेगेटिव आया है।

कोरोना वायरस का खौफ देश और दुनिया में बढ़ता जा रहा है। जंहा भारत ने 15 अप्रैल तक अपने आप को पूरी दुनिया से अलग कर लिया है। वंही अमेरिका ने यूरोप से आवागमन पर प्रतिबन्ध लगा दिया है। हालांकि अमेरिकी प्रतिबन्ध इंग्लैंड पर लागू नहीं होगा। जबकि इंग्लैंड में 450 से अधिक कोरोना वायरस संक्रमण के मामले सामने आ चुके है।

भारत सरकार ने सभी देशों को जारी किये वीसा को कैंसिल कर दिया है। यह प्रतिबन्ध भारतीय मूल के व्यक्ति जो ओसीआई कार्ड धारक है उन पर भी लागू होगा। हालांकि भारतीय पासपोर्ट धारक भारत आ सकते है पर उन्हें 14 दिनों तक अलग निगरानी में रहना पड़ेगा।