मध्य प्रदेश में एक RTI कार्यकर्ता को इनकम टैक्स विभाग ने अनोखी जानकारी दी है.दरअसल RTI कार्यकर्ता को एक RTI के जवाब में 3000 चिट्ठियां और 50 ईमेल मिले हैं.RTI कार्यकर्ता ने इनकम टैक्स विभाग से देश के सबसे बड़े 50 टैक्स डिफॉल्टरों के बारे में जानकारी मांगी थी.जिसके जवाब में इनकम टैक्स विभाग ने ये सलूक RTI कार्यकर्ता के साथ किया.

एमपी के नीमच के रहने वाले चंद्रशेखक गौड़ा ने बीते साल 25 फरवरी को ये RTI दाखिल की थी.गौड़ा ने पिछले 10 साल में देश के सबसे बड़े टैक्स डिफॉल्टरों की जानकारी मांगी थी.गौड़ा बताते हैं, "मैंने 25 फरवरी 2018 को एक RTI फाइल करके देश के सबसे बड़े 50 डिफॉल्टरों की सूची मांगी थी.इसके अलावा मैंने उन लोगों की जानकारी भी मांगी थी जिनका प्रत्यक्ष कर बीते 10 साल में बट्टे खाते में डाल दिया गया."

गौड़ा आगे बताते हैं,"बजाय मुझे ठीक रिप्लाई देने के इनकम टैक्स विभाग ने मेरी RTI को देश भर के इनकमटैक्स ऑफिस में फॉरवर्ड कर दिया.जिसका नतीजा है की पिछले एक साल में मेरे पास देश भर के इनकम टैक्स ऑफिस से 3000 हजार चिट्ठियां आ चुकी हैं.इसके अलावा 50 ईमेल भी भेजे गए हैं"

RTI यानि सूचना का अधिकार भारत में मौलिक अधिकार है.ऐसे में इनकम टैक्स जैसे अहम विभाग से उम्मीद की जाती है की वो इसकी गंभीरता को समझता होगा,लेकिन इस विभाग की हरकत देखकर लगता है की ये इनकम टैक्स विभाग के लिए ये महज एक खिलवाड़ है.